बाजार में दीर्घकालिक दृष्टिकोण
हाल ही में घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) द्वारा की गई जोरदार खरीदारी ने बाजार में एक सकारात्मक मोड़ लाने का कार्य किया है। म्यूचुअल फंडों ने दिसंबर 2024 की तिमाही में 1.86 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया, जो दर्शाता है कि DIIs भविष्य के लिए एक स्थिर और दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाए हुए हैं। इस समय, जब बाजार में उतार-चढ़ाव है, ऐसे निवेश म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण संकेत हैं।
विदेशी निवेशकों की स्थिति
इस तिमाही में, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशक सक्रिय रूप से खरीदारी कर रहे हैं, विदेशी निवेशकों ने 11,788 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। यह स्थिति दर्शाती है कि विदेशी निवेशक वर्तमान बाजार की अस्थिरता से प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में घरेलू संस्थागत निवेशक एक महत्वपूर्ण बल साबित हो रहे हैं, जिन्हें बाजार में स्थिरता लाने की क्षमता है।
भविष्य के अवसर
DIIs की आक्रामक खरीदारी केवल एक अंश मात्र है, यह दर्शाती है कि बाजार में निवेश के अनेक अवसर मौजूद हैं। जब निवेशक म्यूचुअल फंड के माध्यम से अधिक लचीलापन चाहते हैं, तो यह घरेलू संस्थागत निवेशकों का समय है कि वे निवेशकों की आवश्यकताओं के आधार पर अनुकूलन करें। निवेश रणनीतियां बनाना और निवेश के क्षेत्रों का चयन एक महत्वपूर्ण कदम होगा, जिससे उनकी प्रभावशीलता और अधिक बढ़ सकती है।