🏦 1. NSE का ₹30,000 करोड़ का ऐतिहासिक IPO — भारत का सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम
नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) ने बुधवार को बाजार नियामक SEBI के पास अपने बहुप्रतीक्षित IPO के लिए प्रारंभिक दस्तावेज (DRHP) दाखिल कर दिए। इस IPO का अनुमानित आकार ₹30,000 करोड़ है, जो इसे भारतीय शेयर बाजार इतिहास का सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम बनाएगा।
NSE की लिस्टिंग की योजना लगभग एक दशक से अटकी हुई थी — को-लोकेशन विवाद और अन्य नियामक अड़चनों के कारण। अब इस फाइलिंग के साथ NSE BSE पर सूचीबद्ध होने की ओर बढ़ रहा है।
- SBI को फायदा: स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को NSE के IPO से ₹5,000 करोड़ से अधिक मुनाफे की उम्मीद है। SBI ने 1993 में NSE में फेस वैल्यू पर निवेश किया था।
- BSE शेयर पर असर: NSE की DRHP फाइलिंग के बाद BSE के शेयर 3.81% गिरकर ₹4,004 पर बंद हुए।
- Maithan Alloys को लाभ: NSE में हिस्सेदारी रखने वाली Maithan Alloys के शेयरों में उछाल आया, उनकी NSE हिस्सेदारी की वैल्यू लगभग ₹850 करोड़ आंकी जा रही है।
📡 2. HFCL को ₹2,666 करोड़ का विशाल RVNL ऑर्डर — BharatNet Phase-3
टेलीकॉम कंपनी HFCL ने Rail Vikas Nigam Limited (RVNL) से ₹2,666 करोड़ का ऑर्डर हासिल किया है। यह ऑर्डर BharatNet Phase-3 परियोजना के तहत उत्तर प्रदेश (पूर्व और पश्चिम) टेलीकॉम सर्किलों के लिए फाइबर नेटवर्क रोलआउट हेतु है।
इससे पहले जनवरी 2026 में HFCL को RVNL से ₹2,167.65 करोड़ का ऑर्डर मिल चुका था। नए ऑर्डर के साथ कंपनी के शेयर इंट्राडे में 4.61% की बढ़त के साथ ₹198.9 तक पहुंचे।
HFCL ऑप्टिकल फाइबर केबल मैन्युफैक्चरिंग में अग्रणी है और रक्षा व एयरोस्पेस क्षेत्रों में भी विस्तार कर रही है। कंपनी का निर्यात राजस्व तेजी से बढ़ने का अनुमान है।
📈 3. Sensex ने लगातार 5वें दिन दर्ज की बढ़त — दो महीने में सबसे लंबी जीत की लड़ी
भारत के प्रमुख सूचकांक BSE Sensex ने गुरुवार को लगातार पांचवें कारोबारी सत्र में बढ़त दर्ज की, यह पिछले दो महीनों में सबसे लंबी विजय श्रृंखला है। Sensex करीब 0.2% की बढ़त के साथ लगभग 77,276 अंक पर बंद हुआ।
बाजार को सहारा देने वाले कारक:
- कच्चे तेल की कीमतों में नरमी
- US-ईरान परमाणु ढांचा समझौते से सुधरी वैश्विक भावना
- FII की वापसी (₹101.59 करोड़ की खरीदारी) और DII की मजबूत भागीदारी (₹1,561.40 करोड़)
प्रमुख गेनर: Trent (+7.1%), BEL (+3.1%), Eternal (+2%), Tata Steel (+1.5%), Infosys (+1.3%), SBI (+1%)
प्रमुख लूजर: IT शेयरों पर दबाव, Bajaj Finserv (-1.2%), Axis Bank (-1.1%)
💵 4. भारतीय रुपया 6 हफ्ते के उच्च स्तर पर — Fed की कड़क नीति के बावजूद मजबूती
भारतीय रुपये में गुरुवार को उल्लेखनीय मजबूती देखी गई — यह 6 हफ्ते के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। अमेरिकी फेडरल रिजर्व की कठोर मौद्रिक नीति और डॉलर की मजबूती के बावजूद रुपये की इस रिकवरी ने बाजार को चौंकाया।
रुपये की मजबूती के कारण:
- विदेशी बाजारों से बड़े पैमाने पर डॉलर की बिकवाली
- घरेलू निर्यातकों की मजबूत भागीदारी
- कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट से आयात बिल में राहत
US Fed ने बुधवार को ब्याज दरें अपरिवर्तित रखीं लेकिन इस साल बाद में दर वृद्धि के संकेत दिए, जिससे डॉलर सूचकांक में तेजी आई। फिर भी रुपया मजबूत बना रहा।
🏛️ 5. RBI ने NRI जमा पर ब्याज दर सीमा हटाई — बैंकिंग शेयरों पर नजर
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने चुनिंदा NRI (अनिवासी भारतीय) जमाओं पर ब्याज दर की सीमाएं अस्थायी रूप से हटा दी हैं। इस कदम का उद्देश्य विदेशी पूंजी को आकर्षित करना, जमा संग्रहण को मजबूत करना और बैंकिंग प्रणाली में तरलता सुधारना है।
इस फैसले के बाद HDFC Bank और ICICI Bank जैसे बड़े बैंकिंग शेयर निवेशकों की नजर में आए। विश्लेषकों का मानना है कि इस कदम से बड़े निजी बैंकों को NRI जमा आकर्षित करने में मदद मिलेगी और उनकी फंडिंग लागत को संतुलित रखने में सहायता होगी।
📊 आज का बाजार सारांश
| सूचकांक | स्तर | बदलाव |
|---|---|---|
| BSE Sensex | ~77,276 | +0.2% ▲ |
| NSE Nifty 50 | ~24,080 | +0.52% ▲ |
| FII गतिविधि | +₹101.59 करोड़ | खरीदारी |
| DII गतिविधि | +₹1,561.40 करोड़ | खरीदारी |
नोट: यह जानकारी सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श लें।
स्रोत: Economic Times, NDTV Business, Trendlyne, Trading Economics, Zerodha Pulse, Upstox News
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